बुधवार, 4 नवम्बर 2026

Govardhan Puja 2025: गोवर्धन पर्व की पूजा आज: जानिए क्यों की जाती है पूजा ?

Written by: PK Chauhan

Published:

Govardhan Puja 2025: देशभर में आज गोवर्धन पूजा का पर्व हर्ष और उत्साह के साथ मनाया जा रहा है। दिवाली के अगले दिन मनाया जाने वाला यह त्योहार भगवान श्रीकृष्ण द्वारा आरंभ…


गोवर्धन पर्व की पूजा आज: जानिए क्यों की जाती है पूजा
गोवर्धन पर्व की पूजा आज: जानिए क्यों की जाती है पूजा
Google News Follow us on Google

Govardhan Puja 2025: देशभर में आज गोवर्धन पूजा का पर्व हर्ष और उत्साह के साथ मनाया जा रहा है। दिवाली के अगले दिन मनाया जाने वाला यह त्योहार भगवान श्रीकृष्ण द्वारा आरंभ की गई प्रकृति और गौपूजन की परंपरा से जुड़ा हुआ है।

Advertisement

 

 

Advertisement

ये भी पढ़ें:Breaking News: पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट का बडा फैसला, मुख्य सचिव पर लगाया जुर्माना

उत्तर भारत के मथुरा-वृंदावन, गोवर्धन, बरसाना, दिल्ली, राजस्थान, हरियाणा और गुजरात समेत कई राज्यों में भक्तों ने सुबह से ही पूजा-अर्चना शुरू कर दी। मंदिरों में विशेष भजन-संकीर्तन हो रहे हैं और गोवर्धन पर्वत की प्रतीकात्मक पूजा के लिए श्रद्धालु उमड़ रहे हैं।

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस दिन भगवान श्रीकृष्ण ने इंद्रदेव के अभिमान को तोड़ने के लिए ब्रजवासियों से गोवर्धन पर्वत की पूजा करने को कहा था। जब इंद्र ने क्रोधित होकर मूसलाधार वर्षा की, तब श्रीकृष्ण ने अपनी कनिष्ठा उंगली पर गोवर्धन पर्वत उठाकर सात दिन तक ब्रजवासियों को शरण दी थी। इसी उपलक्ष्य में हर साल यह पर्व श्रद्धा और भक्ति से मनाया जाता है। Govardhan Puja 2025

ये भी पढ़ें:रेवाड़ी में कचरे से तैयार की जाएगी जै​विक खाद, पंचायतों की बढेगी आय

गोवर्धन पूजा विधि
सुबह स्नान के बाद व्रत संकल्प लेकर आंगन या मंदिर में गाय के गोबर से गोवर्धन पर्वत का प्रतीक बनाया जाता है। उसके चारों ओर दीपक जलाकर भगवान श्रीकृष्ण, बलराम, गो माता और गोवर्धन पर्वत की मूर्तियों या चित्रों की स्थापना की जाती है। Govardhan Puja 2025

 

पूजा में दूध, दही, घी, शहद, पुष्प, धूप, दीप और विभिन्न व्यंजनों (अन्नकूट) का भोग लगाया जाता है। पूजा के बाद परिवार सहित गोवर्धन पर्वत की परिक्रमा की जाती है और फिर अन्नकूट प्रसाद का वितरण किया जाता है। Govardhan Puja 2025

ये भी पढ़ें:गुरुग्राम: जरूरतमंद बच्चों को मुफ्त स्टेशनरी और पुस्तकें उपलब्ध करायेगी संस्था

यह पर्व न केवल धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है, बल्कि पर्यावरण, पशु संरक्षण और प्रकृति के प्रति आभार व्यक्त करने का संदेश भी देता है।

 

पूजा की सामग्री (Govardhan Puja Samagri)

पूजा के लिए आपको चाहिए – रोली, अक्षत (चावल), बताशा, नैवेद्य, मिठाई, खीर, सरसों के तेल का दीपक, फूल, दही, शहद, धूप-दीप, कलश, केसर, फूलों की माला, भगवान कृष्ण की प्रतिमा या तस्वीर, गाय का गोबर, गोवर्धन पर्वत की फोटो, गंगाजल, पान और गोवर्धन पूजा की कथा की किताब.

PK Chauhan
About the Author PK Chauhan

मै पीके चौहान पिछले 6 साल में पत्रकारिता में कार्यरत हूं। मेरे द्वारा राजनीति, क्राइम व मंनोरजन की खबरे Best E News पर अपडेट की जाती है। View all posts by PK Chauhan →

खबरें और भी

WhatsApp