
चंडीगढ़। बल्लभगढ़ से पलवल तक मेट्रो विस्तार परियोजना को लेकर बड़ी प्रगति हुई है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने परियोजना की फाइनल रिपोर्ट को मंजूरी दे दी है। इसके बाद विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) केंद्रीय आवासन एवं शहरी कार्य मंत्रालय को भेज दी गई है। यह जानकारी हरियाणा मास रैपिड ट्रांसपोर्ट कॉरपोरेशन (HMRTC) की 66वीं बोर्ड बैठक में दी गई। बैठक मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी की अध्यक्षता में हुई। प्रस्तावित मेट्रो लाइन मौजूदा दिल्ली मेट्रो की वायलेट लाइन का विस्तार होगी और बल्लभगढ़ के राजा नाहर सिंह स्टेशन से पलवल तक जाएगी।
परियोजना की लंबाई करीब 28 किलोमीटर और अनुमानित लागत करीब 4,500 करोड़ रुपये बताई गई है। पूरी लाइन एलिवेटेड होगी और अंतिम स्टेशन पलवल मिनी सचिवालय परिसर के पास प्रस्तावित है। इस मेट्रो विस्तार से बल्लभगढ़, पृथला, पलवल और आसपास के औद्योगिक क्षेत्रों को फरीदाबाद और दिल्ली से बेहतर सार्वजनिक परिवहन कनेक्टिविटी मिलने की उम्मीद है। बैठक में गुरुग्राम रैपिड मेट्रो के यात्रियों और आय में बढ़ोतरी की जानकारी भी दी गई।
अप्रैल से अगस्त 2026 के बीच 88.81 लाख यात्रियों ने रैपिड मेट्रो में सफर किया, जबकि पिछले साल इसी अवधि में 79.57 लाख यात्री थे। इसी अवधि में परिचालन आय 16.66 करोड़ रुपये से बढ़कर 18.60 करोड़ रुपये हो गई। गैर-किराया आय में भी 64.34 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई। बैठक में प्रदेश की अन्य बड़ी सार्वजनिक परिवहन परियोजनाओं की भी समीक्षा की गई। इनमें 136.30 किलोमीटर लंबा दिल्ली-पानीपत-करनाल नमो भारत कॉरिडोर शामिल है, जिसकी अनुमानित लागत करीब 33,051 करोड़ रुपये है और 17 स्टेशन प्रस्तावित हैं।
ये भी पढ़ेंगढ़ी अलावलपुर स्कूल के दो शिक्षकों को मिला श्रेष्ठ शिक्षक सम्मान
गुरुग्राम-फरीदाबाद-नोएडा-ग्रेटर नोएडा नमो भारत कॉरिडोर का प्रस्ताव भी विचाराधीन है। वहीं, गुरुग्राम के सेक्टर-56 से पंचगांव तक 35.25 किलोमीटर लंबे एलिवेटेड मेट्रो कॉरिडोर की DPR को अंतिम रूप देने की प्रक्रिया चल रही है। इस कॉरिडोर पर 28 स्टेशन प्रस्तावित हैं और इसे पंचगांव में नमो भारत कॉरिडोर से जोड़ने की योजना है।
