Breaking News: धारूहेड़ा: रालियावास पैक्स चुनाव में कथित फर्जीवाड़े और नियमों की अनदेखी का मामला अब उपायुक्त तक पहुंच गया है। ग्रामीणों और किसानों ने प्रशासन को शिकायत देकर चुनाव प्रक्रिया पर गंभीर सवाल उठाए हैं और दोबारा चुनाव करवाने की मांग की है। किसानों का कहना है कि यदि उनकी सुनवाई नहीं हुई तो वे न्याय के लिए अदालत का दरवाजा खटखटाने को मजबूर होंगे।Breaking News
चुनावों को लेकर गोलमाल’ बताया गया है कि 7 अप्रैल को प्रस्तावित पैक्स चुनाव के तहत सात पद कृषि श्रेणी और तीन पद गैर कृषि श्रेणी के लिए आरक्षित थे। शिकायतकर्ता किसान राहुल, कृष्ण और अशोक कुमार के अनुसार नामांकन प्रक्रिया पूरी होने के बाद 20 मार्च को चुनाव चिन्ह आवंटित किए जाने थे। उनका आरोप है कि कृषि श्रेणी में आवेदन आए, जबकि गैर कृषि श्रेणी में कोई नामांकन नहीं हुआ।Breaking News
नियमों को किया दरकिनार: बावजूद चुनाव अधिकारी पर आरोप है कि उन्होंने नियमों को दरकिनार करते हुए सभी 10 पदों पर नियुक्ति दिखा दी और चुनाव प्रक्रिया को ही समाप्त घोषित कर दिया। किसानों का कहना है कि जब वे चुनाव चिन्ह लेने पहुंचे तो उन्हें यह कहकर लौटा दिया गया कि अब चुनाव की आवश्यकता नहीं है क्योंकि नियुक्ति हो चुकी है।
कोई नहीं सुनवाई, आनन फानन में सुनाया फैसला: ग्रामीणों के अनुसार यह पूरी प्रक्रिया पारदर्शिता के विपरीत है और निर्धारित नियमों का उल्लंघन करती है। उन्होंने बताया कि रालियावास पैक्स में चार गांव शामिल हैं, जहां 10 पदों पर नियुक्ति होनी थी, जिनमें सामान्य, एससी, महिला और गैर कृषि श्रेणी के पद तय थे, लेकिन इन नियमों का पालन नहीं किया गया।
डीसी के पास पहुंचा मामला’ किसानों ने उपायुक्त से निष्पक्ष जांच करवाने, कथित नियुक्तियों को रद्द करने और नियमों के अनुसार चुनाव प्रक्रिया दोबारा शुरू कराने की मांग की है। वहीं, इस मामले में संबंधित अधिकारी से संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उनसे बात नहीं हो सकी। अब देखना यह होगा कि प्रशासन इस शिकायत पर क्या कार्रवाई करता है।Breaking News












