Haryana News: हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी की अध्यक्षता में 8 दिसंबर को एक महत्वपूर्ण कैबिनेट बैठक आयोजित की जाएगी। यह बैठक दोपहर 12 बजे चंडीगढ़ के हरियाणा सिविल सचिवालय में होगी। इस बैठक में विधानसभा के शीतकालीन सत्र की तारीखों पर अंतिम फैसला लिया जा सकता है। इसके अलावा कई अहम मुद्दों पर भी विचार-विमर्श होने की संभावना है।
शीतकालीन सत्र की तैयारी पूरी
सूत्रों की मानें तो हरियाणा विधानसभा का शीतकालीन सत्र 18 दिसंबर से शुरू हो सकता है। हालांकि इस बात की पुष्टि 8 दिसंबर को होने वाली कैबिनेट बैठक के बाद ही होगी। इससे पहले 2 दिसंबर को एक अनौपचारिक बैठक भी हुई थी, जिसमें मंत्रिमंडल और विधायकों ने भाग लिया। खाद्य एवं आपूर्ति मंत्री राजेश नागर ने बताया कि इस बैठक में राज्य के विकास कार्यों की समीक्षा की गई और मुख्यमंत्री के साथ विभिन्न विभागों के प्रोजेक्ट्स पर चर्चा हुई। उन्होंने यह भी कहा कि जल्द ही नए राशन डिपो राज्य में अलॉट किए जाएंगे।
शीतकालीन सत्र में राजनीतिक हलचल बढ़ने के संकेत
इस बार हरियाणा विधानसभा का शीतकालीन सत्र काफी हंगामेदार रहने की संभावना है। खासकर विपक्षी कांग्रेस पार्टी इस सत्र में सत्ताधारी भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) पर कड़ी नज़र रखेगी। कांग्रेस ने अपने नेता प्रतिपक्ष के पद के लिए पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा को नामित कर दिया है। कांग्रेस के सभी विधायक इस बार नेता प्रतिपक्ष के साथ एकजुट होकर विधानसभा में शामिल होंगे।
कांग्रेस के मुद्दे और सत्र की चुनौती
कांग्रेस पार्टी विधानसभा सत्र के दौरान वोट चोरी, धान घोटाला, और जर्जर खेल मैदान जैसे संवेदनशील मुद्दों को लेकर सरकार पर हमलावर होने की तैयारी कर रही है। इससे सत्र के दौरान राजनीतिक माहौल तनावपूर्ण और चुनौतीपूर्ण बने रहने के पूरे आसार हैं।
कुल मिलाकर, 8 दिसंबर की कैबिनेट बैठक हरियाणा की राजनीति और प्रशासनिक दिशा को तय करने में अहम भूमिका निभाएगी। वहीं विधानसभा का शीतकालीन सत्र भी राज्य की जनता के लिए महत्वपूर्ण राजनीतिक घटनाओं का केंद्र रहेगा।













