Hisar Mandi Bhav: हिमाचल प्रदेश और पंजाब में भारी बारिश ने लोगों की ज़िंदगी और सब्जी की आपूर्ति दोनों पर गंभीर असर डाला है। इन राज्यों में हुई बाढ़ और जलभराव से फसलें तबाह हो गई हैं। हिमाचल से हरियाणा आने वाली ज्यादातर सब्जियों की आपूर्ति अब पूरी तरह ठप्प हो गई है। इसके कारण सब्जियों के दाम आसमान छू रहे हैं और आम लोगों का रसोई बजट बिगड़ गया है। पिछले 15 दिनों में सब्जियों की कीमतें दोगुनी हो चुकी हैं।
ब्रोकली, टमाटर और बीन्स जैसी सब्जियां पहले हिमाचल प्रदेश से आती थीं, लेकिन अब सप्लाई रुक गई है। टमाटर अब दक्षिण भारत से दिल्ली होते हुए हरियाणा पहुंच रहा है। हिमाचल से आने वाले सेब की कीमत में भी काफी बढ़ोतरी हुई है। हिसार की सब्जी मंडी, जो दिल्ली के बाद एशिया की दूसरी सबसे बड़ी सब्जी मंडी मानी जाती है, वहां सब्जियों की आवक कम हो गई है। सब्जी विक्रेता दलबीर ने बताया कि पिछले एक सप्ताह से सब्जियों की कीमतें लगातार बढ़ रही हैं और मंडी में स्टॉक बहुत कम रह गया है।
हिसार सब्जी मंडी एसोसिएशन के प्रधान ओमप्रकाश राड़ा ने कहा कि हिमाचल प्रदेश में भारी बारिश और भूस्खलन के कारण सड़कों के बंद होने से सबसे ज्यादा असर सब्जियों की सप्लाई पर पड़ा है। टमाटर समेत कई अन्य सब्जियों की आपूर्ति प्रभावित हुई है। इसके अलावा हिमाचल से आने वाले सेब के दाम भी बढ़ गए हैं और मंडी में सब्जियों की आवक आधी रह गई है।
मंडी के रेट इस तरह हैं: आलू 30 रुपये प्रति किलो, प्याज 35 रुपये, लौकी 60 रुपये, तोरी 60 रुपये, टमाटर 60 रुपये, गोभी 100 रुपये, शिमला मिर्च 100 रुपये, पेठा 30 रुपये, बीन्स 180 रुपये, नींबू 80 रुपये और हरी मिर्च 80 रुपये। ब्रोकली 600 रुपये प्रति किलो बिक रही है और नारियल पानी का दाम दोगुना हो गया है। कीवी 180 रुपये डिब्बा मिल रहा है और मटर मंडी से गायब हो गया है।













