Haryana की सिरसा मंडी में 13 जुलाई को किसानों के चेहरे थोड़े खिले नजर आए। यहां कपास के रेट ₹7700 से ₹7980 प्रति क्विंटल तक पहुंचे जबकि कच्ची कपास ₹6850 से ₹6951 में बिकी। सरसों की कीमतों में भी हल्की बढ़ोतरी देखने को मिली और रेट ₹6000 से ₹6525 के बीच दर्ज किए गए। ये बदलाव पिछले हफ्ते की तुलना में किसानों के लिए राहतभरे हैं। खास बात यह रही कि बाजार में कपास की मांग में थोड़ी तेजी देखने को मिली जिससे व्यापारी और किसान दोनों संतुष्ट दिखे।
मूंग की बात करें तो सिरसा मंडी में आज इसका भाव ₹4000 से ₹6145 प्रति क्विंटल के बीच रहा जो बीते कुछ दिनों की तुलना में बेहतर है। चना भी ₹5100 से ₹5301 में बिका जो किसानों के लिए लाभकारी माना जा सकता है। ग्वार का दाम ₹4300 से ₹4800 के दायरे में बना रहा। इससे यह समझ आता है कि बाजार में फिलहाल ग्वार को लेकर स्थिरता बनी हुई है और न तो कोई बड़ी तेजी है न गिरावट।
ऐलनाबाद मंडी में सरसों और मूंग की मांग ने पकड़ी रफ्तार
ऐलनाबाद मंडी के ताजा भावों ने भी किसानों को थोड़ी राहत दी। यहां सरसों ₹6300 से ₹6530 प्रति क्विंटल के बीच बिकी जबकि मूंग के रेट ₹5000 से ₹6300 तक पहुंचे। ये भाव पिछले कुछ समय की तुलना में काफी अच्छे हैं और मूंग उत्पादक किसानों के लिए खास तौर पर फायदेमंद माने जा सकते हैं। चना भी ₹5300 से ₹5400 में बिका और ग्वार ने यहां भी ₹4300 से ₹4800 की स्थिर रेंज बनाए रखी। यह संकेत देता है कि मंडी में फसलें सामान्य स्तर पर बिक रही हैं और भारी उतार-चढ़ाव नहीं है।
अरंडी से लेकर मक्का तक के भावों में हलचल
ऐलनाबाद मंडी में अरंडी ₹5700 से ₹6250 प्रति क्विंटल में बिकी जो अच्छा संकेत है। वहीं गेहूं ₹2350 से ₹2414 की सीमा में रहा जो सामान्य माना जा सकता है। सिरसा मंडी में भी गेहूं ₹2440 से ₹2475 में बिका लेकिन मक्का के रेट थोड़े चिंता का कारण बने। मक्का ₹1200 से ₹1775 तक बिका जो बहुत कम माना जा रहा है। जौ ₹1800 से ₹2131 में बिका जो थोड़ी स्थिरता दिखाता है। विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले दिनों में मक्का की मांग बढ़ सकती है जिससे इसके भाव भी सुधर सकते हैं। किसानों को सलाह दी जा रही है कि वे मंडी जाते समय अपनी उपज की गुणवत्ता पर ध्यान दें ताकि उन्हें सही मूल्य मिल सके।













