Dayalu-2 Haryana Scheme: हरियाणा सरकार ने राज्य के निवासियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए दीन दयाल उपाध्याय अंत्योदय परिवार सुरक्षा योजना (दयालु-2) लागू कर दी है। मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी ने बताया कि यह योजना सभी PPP (परिवार पहचान पत्र) धारक परिवारों को कवर करेगी, जिनकी वार्षिक आय 1.8 लाख रुपये से कम है। वे ही इसके पात्र होगे।Dayalu-2 Haryana Scheme
पोर्टल पर अपलोड करना अनिवार्य: हरियाणा के हर जिले में उपायुक्त की अध्यक्षता में समिति गठित की गई है, जो दावों की जांच कर 120 दिनों में सहायता राशि जारी करेगी। आवेदन के लिए मृत्यु प्रमाण पत्र, FIR/DDR, अस्पताल रिकॉर्ड, दिव्यांगता प्रमाण पत्र और अन्य आवश्यक दस्तावेज https://dapsy.finhry.gov.in
पोर्टल पर अपलोड करना अनिवार्य होगा।
दयालु योजना का लाभ लेने की शर्तें?
आवेदक हरियाणा का स्थायी निवासी होना चाहिए.
लाभार्थी की उम्र 5 साल से ऊपर और 60 साल के बीच होनी चाहिए.
लाभार्थी के पास फैमिली आईडी या परिवार पहचान पत्र होना चाहिए.
परिवार की सालाना इनकम 1.80 लाख रुपये से ज्यादा नहीं होनी चाहिए.
आर्थिक मदद के लिए दिव्यांगता की स्थिति में खुद आवेदक ही आवेदन करेंगे.
मौत की स्थिति में आवेदक के परिवार के करीबी सदस्य दयालु योजना के लिए अप्लाई करेंगे.
दुघर्टना में 70% से ज्यादा दिव्यांगता ही आर्थिक मदद के लिए मान्य होगी.
अगर श्रमिक हैं तो यह मुआवजा श्रम विभाग से मिलेगा.
दयालु योजना के लिए मौत या हादसे वाली तारीख से 3 महीने के अंदर अप्लाई करना जरूरी है.
1 अप्रैल, 2023 से पहले का कोई भी क्लेम स्वीकार नहीं किय जाएगा.
इस योजना का उद्देश्य कुत्तों के काटने या आवारा एवं छोड़े गए पशुओं जैसे गाय, बैल, गधे, नीलगाय आदि के हमलों से हुई आकस्मिक मृत्यु, गंभीर चोट या दिव्यांगता की स्थिति में पीड़ित परिवारों को आर्थिक मदद देना है।
योजना के तहत 12 वर्ष तक की आयु के बच्चों के लिए 1 लाख, 12 से 18 वर्ष के लिए 2 लाख, 18 से 25 वर्ष के लिए 3 लाख, 25 से 45 वर्ष के लिए 5 लाख और 45 वर्ष से अधिक आयु वालों के लिए 3 लाख रुपये तक की सहायता दी जाएगी।
70% से कम दिव्यांगता के मामलों में मुआवजा प्रतिशत के आधार पर तय होगा, लेकिन न्यूनतम राशि 10,000 रुपये होगी। बता दे कि इसमें यह भी प्रावधान है कि कुत्ते के काटने के हर दांत के निशान पर 10,000 रुपये और त्वचा से मांस उखड़ने पर प्रति 0.2 सेंटीमीटर घाव पर 20,000 रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी। सामान्य चोट के लिए भी 10,000 रुपये की निश्चित राशि तय की गई है।













