Haryana में तकनीकी क्रांति! सैनी ने स्टार्टअप्स, AI और सेमीकंडक्टर हब के लिए बड़े ऐलान किए

On: September 5, 2025 2:28 PM
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Haryana में तकनीकी क्रांति! सैनी ने स्टार्टअप्स, AI और सेमीकंडक्टर हब के लिए बड़े ऐलान किए

Haryana: मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार स्टार्टअप्स कॉर्पोरेट्स और शैक्षणिक संस्थानों के सहयोग से एक विश्वस्तरीय इनक्यूबेटर “H-HUB” स्थापित करने जा रही है। इसमें प्लग एंड प्ले कार्यस्थान बैठक कक्ष हाई-परफॉर्मेंस कंप्यूटिंग संसाधन नवाचार प्रयोगशालाएं प्रोटोटाइपिंग केंद्र और उभरती तकनीकों में अनुसंधान के लिए आधुनिक उपकरण उपलब्ध होंगे। इसका उद्देश्य स्टार्टअप्स को अत्याधुनिक अनुसंधान और विकास में सक्षम बनाना है।

मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार स्टार्टअप्स, कॉर्पोरेट्स और शैक्षणिक संस्थानों के सहयोग से एक विश्वस्तरीय इनक्यूबेटर “H-HUB” स्थापित करने जा रही है। इसमें प्लग एंड प्ले कार्यस्थान, बैठक कक्ष, हाई-परफॉर्मेंस कंप्यूटिंग संसाधन, नवाचार प्रयोगशालाएं, प्रोटोटाइपिंग केंद्र और उभरती तकनीकों में अनुसंधान के लिए आधुनिक उपकरण उपलब्ध होंगे। इसका मुख्य उद्देश्य स्टार्टअप्स को अत्याधुनिक अनुसंधान और विकास में सशक्त बनाना है।

सैनी ने कहा कि भारत सरकार के सेमीकंडक्टर हब विजन के अनुरूप हरियाणा सरकार भी सेमीकंडक्टर निर्माण को बढ़ावा देने के लिए विशेष नीति तैयार कर रही है। इसके साथ ही सरकार का लक्ष्य गुरुग्राम और हरियाणा को ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर (GCC) की राजधानी के रूप में विकसित करना है। इसके लिए भी विशेष नीति बनाई जा रही है।

मुख्यमंत्री ने उद्योगपतियों से आग्रह किया कि वे “मेक इन हरियाणा” और “डिजाइन इन हरियाणा” को अपनाएं। उन्होंने कहा कि यह पहल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के “मेक इन इंडिया” और “डिजाइन इन इंडिया” विजन को आगे बढ़ाने में मदद करेगी। राज्य बजट 2025-26 में 10 नए इंटीग्रेटेड मैन्युफैक्चरिंग टाउनशिप्स (IMT) विकसित करने की घोषणा की गई है। ये IMT अत्याधुनिक औद्योगिक और स्टार्टअप इन्फ्रास्ट्रक्चर से लैस होंगे और निवेशकों को सभी सुविधाएं एक ही छत के नीचे उपलब्ध कराई जाएंगी।

हरियाणा सरकार गुरुग्राम और पंचकूला में AI हब स्थापित करेगी, जो आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित स्टार्टअप्स और अनुसंधान को बढ़ावा देंगे। इसके अलावा, सभी औद्योगिक क्षेत्रों में इनक्यूबेशन सेंटर भी बनाए जाएंगे ताकि स्थानीय स्टार्टअप्स को मार्गदर्शन, संसाधन और नेटवर्किंग का समर्थन मिल सके।

सरकार ने भविष्य की तकनीकों जैसे AI, रोबोटिक्स, बायोटेक्नोलॉजी और डीप-टेक के लिए “डिपार्टमेंट ऑफ फ्यूचर” की स्थापना की है। यह विभाग राज्य को तकनीकी रूप से सशक्त बनाने में अहम भूमिका निभाएगा।

मुख्यमंत्री ने बताया कि हरियाणा में 9,100 से अधिक मान्यता प्राप्त स्टार्टअप्स हैं और राज्य राष्ट्रीय स्तर पर सातवें स्थान पर है। अब तक 19 यूनिकॉर्न कंपनियां हरियाणा से निकली हैं। लगभग 50% स्टार्टअप्स महिला नेतृत्व में कार्य कर रही हैं। उन्होंने उद्योगपतियों से CSR फंड का उपयोग स्वास्थ्य और सामाजिक क्षेत्र को मजबूत करने में करने का आग्रह किया।

सैनी ने कहा कि हरियाणा को नवाचार और संतुलित विकास का वैश्विक केंद्र बनाया जाएगा। उनका विज़न है कि राज्य के हर क्षेत्र में योगदान हो और हर नागरिक लाभान्वित हो। उन्होंने स्टार्टअप्स और उद्योगों को मिलकर काम करने का आह्वान किया ताकि नवाचार के माध्यम से समृद्धि का नया अध्याय लिखा जा सके।

सुनील चौहान

मै पिछले 6 साल से पत्रकारिता में कार्यरत हूं। हमारा मकसद जल्दी से जल्दी देश की की ताजा खबरे को आम जनता तक पहुंचाने के साथ समस्याओं को उजागर करना है।

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