Haryana Property Rate: हरियाणा में आखिरी बार दिसंबर 2024 में कलेक्टर रेट संशोधित किए गए थे। अब एक बार फिर नई सैनी सरकार ने इस दिशा में कदम बढ़ाया है। इस संशोधन का उद्देश्य राज्य की राजस्व वसूली को मजबूत करना और 2025-26 के बजट में तय किए गए ₹16,555 करोड़ के लक्ष्य को पूरा करना है। माना जा रहा है कि इस बार रेट में 10 से 25 प्रतिशत तक की वृद्धि हो सकती है।
सरकार ने अप्रैल 2025 में कलेक्टर रेट बढ़ाने की पूरी तैयारी कर ली थी। कई जिलों से 10 से 25 फीसदी तक वृद्धि के प्रस्ताव भी भेजे जा चुके थे। लेकिन अंतिम समय पर सरकार ने फैसला बदलते हुए पुराने रेट पर ही रजिस्ट्रियां करने का आदेश जारी कर दिया। वजह थी कि इससे सिर्फ चार महीने पहले ही रेट संशोधित हुए थे।
15 से 20 दिनों में तैयार होगा ड्राफ्ट
राजस्व विभाग ने इस बार तेजी से काम शुरू कर दिया है। एक वरिष्ठ अधिकारी ने पुष्टि की है कि संशोधन प्रक्रिया चालू हो चुकी है। अगले 15 से 20 दिनों में ड्राफ्ट तैयार करके डिप्टी कमिश्नरों को भेजा जाएगा। इसके बाद यह प्रस्ताव तहसील स्तर की कमेटियों को भेजा जाएगा जो क्षेत्र के अनुसार संशोधित रेट तय करेंगी।
जनता से मांगे जाएंगे सुझाव और आपत्तियां
तहसील स्तर पर तय किए गए प्रस्तावित कलेक्टर रेट को जिला प्रशासन की वेबसाइट पर अपलोड किया जाएगा। इसके बाद जनता से सुझाव और आपत्तियां मांगी जाएंगी। यदि बड़ी संख्या में आपत्तियां मिलती हैं तो उन पर विचार कर संशोधन किया जाएगा। नहीं तो प्रस्तावित रेट को ही अंतिम रूप दिया जाएगा।
सरकार की योजना है कि 2025 के अंत तक संशोधित कलेक्टर रेट पूरे राज्य में लागू कर दिए जाएं ताकि 2025-26 के राजस्व लक्ष्य को समय पर पूरा किया जा सके। इससे रजिस्ट्रियों में मिलने वाली फीस बढ़ेगी और राज्य को अतिरिक्त आय प्राप्त होगी।













