Haryana Budget 2025-26: हरियाणा सरकार का 2025-26 का बजट राज्य की उच्च शिक्षा और अनुसंधान प्रणाली को सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखा जा रहा है। इस बजट को नवोन्मेष, अंतःविषय अनुसंधान और उद्योग सहयोग को बढ़ावा देने के लिए सराहा गया है। महार्षि दयानंद विश्वविद्यालय (MDU) के कुलपति प्रो. राजबीर सिंह ने इस बजट की भविष्यदृष्टि की प्रशंसा की और इसे उच्च शिक्षा संस्थानों में अनुसंधान और तकनीकी उन्नति के लिए अभूतपूर्व कदम बताया।
हरियाणा स्टेट रिसर्च फंड: अनुसंधान को मिलेगा नया प्रोत्साहन
प्रो. सिंह ने बताया कि इस बजट के तहत पहली बार हरियाणा स्टेट रिसर्च फंड (HSRF) की स्थापना की जा रही है, जिसमें प्रारंभिक आवंटन 20 करोड़ रुपये है। यह फंड विश्वविद्यालयों को बीज अनुदान, परियोजना वित्तपोषण और सहयोगी अनुसंधान पहल के लिए सहायता प्रदान करेगा। इसके माध्यम से राज्य के विश्वविद्यालय वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धा करने में सक्षम होंगे और विभिन्न विषयों में ज्ञान सृजन में योगदान दे सकेंगे। उन्होंने कहा कि बजट का यह कदम राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) 2020 के लक्ष्यों के अनुरूप है, जिसमें अनुसंधान, नवाचार और उद्योग-अकादमिक सहयोग पर विशेष जोर दिया गया है।
उच्च शिक्षा में संरचनात्मक सुधार और छात्र-केंद्रित पहल
बजट में प्रत्येक जिले में मॉडल संस्कृति कॉलेज की स्थापना की घोषणा की गई है, जो सरकारी मॉडल संस्कृति स्कूलों के समान ढांचे पर आधारित होंगे। प्रो. सिंह ने कहा कि ये संस्थान उच्च स्तरीय अवसंरचना, गुणवत्तापूर्ण संकाय और छात्र-केंद्रित शिक्षण वातावरण प्रदान करेंगे। इस पहल से उच्च शिक्षा में नया मानक स्थापित होगा और यदि यह सफल होती है, तो इसे राज्य के अन्य कॉलेजों में भी विस्तारित किया जा सकता है। इसके अलावा, शिक्षा में समावेशिता और लैंगिक समानता को बढ़ावा देने के लिए ‘कल्पना चावला स्कॉलरशिप स्कीम’ की शुरुआत की गई है, जिसमें विज्ञान और इंजीनियरिंग में स्नातक और स्नातकोत्तर स्तर की पढ़ाई कर रही महिला छात्रों को प्रति वर्ष 1 लाख रुपये तक की छात्रवृत्ति दी जाएगी।
कौशल उन्मुख और समान अवसरों वाली शिक्षा का मार्ग
प्रो. सिंह ने कहा कि इस बजट की समग्र दृष्टि हरियाणा के शिक्षा क्षेत्र को एक प्रगतिशील, समानतामूलक, गुणवत्ता-केंद्रित, अनुसंधान-प्रधान और कौशल-उन्मुख अकादमिक पारिस्थितिकी तंत्र में बदलने की दिशा में है। उद्योग-अकादमिक सहयोग से छात्रों को रोजगार बाजार के बदलते स्वरूप के अनुकूल बनाने में मदद मिलेगी और अनुसंधान परियोजनाएं वास्तविक जीवन की चुनौतियों के साथ संरेखित होंगी, जिससे आर्थिक विकास में भी योगदान होगा। उन्होंने बजट की इन पहलों को हरियाणा के शिक्षा क्षेत्र में नए युग की शुरुआत करार दिया और कहा कि यह बजट राज्य के लिए एक ठोस, दूरदर्शी और नवोन्मेषपूर्ण शिक्षा ढांचे की नींव रखेगा।













