Cyber crime : रेवाड़ी में साइबर पुलिस ने ऑनलाइन टास्क के नाम पर बड़े पैमाने पर की गई ठगी का पर्दाफाश करते हुए झुंझुनू जिले के दो और आरोपियों को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। पुलिस के अनुसार इस गैंग ने गांव करावरा मानकपुर निवासी सचिन कुमार से 3 लाख 40 हजार रुपये की ठगी की थी। पीड़ित ने शिकायत में बताया कि 10 मई को उसे व्हाट्सएप पर एक मैसेज मिला, जिसमें ऑनलाइन टास्क पूरा करके मोटा कमीशन कमाने का ऑफर दिया गया था।Cyber crime
शातिरो ने गु्प से जोडा फिर किया खेल: बता दे इसके बाद उसे एक टेलीग्राम ग्रुप में जोड़ा गया और शुरुआती टास्क पर छोटे-छोटे लाभ का झांसा देकर विश्वास में ले लिया गया। धीरे-धीरे आरोपी उसे बड़े टास्क करने और अधिक रकम निवेश करने के नाम पर लगातार ट्रांजेक्शन करवाते रहे। जब पैसे वापिस मांगे तो ठगी का पता चला । सबसे अहम बात यह है बार बार हो रही ठगी के बावजूद लोग जागरूक नहीं हो रहे है।
जानिए कैसे हुआ खुलासा: सचिन ने आरोपियों के कहने पर कई बार अलग-अलग खातों में रकम भेजी और कुल 3.40 लाख रुपये ट्रांसफर कर दिए। जांच के दौरान पुलिस ने पहले जिला महेंद्रगढ़ के गांव निजामपुर निवासी अजित को गिरफ्तार किया था, जिसके खाते में ठगी की राशि में से 50 हजार रुपये पहुंचे थे। पूछताछ के आधार पर पुलिस ने शुक्रवार को राजस्थान के झुंझुनू जिले के गांव जेजुसर निवासी मुकेश कुमार और मनीराम को भी गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के मुताबिक मुकेश के खाते में 95 हजार रुपये आए थे, जबकि मनीराम इस नेटवर्क में मध्यस्थ की भूमिका निभा रहा था।
दोनों आरोपियों को अदालत में पेश करने के बाद न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। पुलिस का कहना है कि मामले में कुछ और लोग भी शामिल हो सकते हैं, जिनकी पहचान की जा रही है। टीम जल्द ही अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी भी करेगी। साइबर पुलिस ने लोगों से अपील की है कि किसी भी ऑनलाइन टास्क, कमाई या निवेश के लालच में न आएं और संदिग्ध लिंक या मैसेज मिलने पर तुरंत इसकी जानकारी पुलिस को दें।













