प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी हर महीने ‘Mann Ki Baat’ कार्यक्रम के जरिए देशवासियों से सीधे संवाद करते हैं. यह कार्यक्रम सिर्फ बातें ही नहीं बल्कि भारत की संस्कृति, उपलब्धियों और लोगों की भावनाओं का आईना बन चुका है. इस बार प्रधानमंत्री ने खेल जगत और खिलाड़ियों पर विशेष जोर देते हुए युवाओं को अपनी ऊर्जा राष्ट्रनिर्माण में लगाने की प्रेरणा दी.
हरियाणा की उपलब्धियों का राष्ट्रीय मंच पर सम्मान
इस बार के कार्यक्रम में हरियाणा का विशेष रूप से उल्लेख किया गया, जो पूरे राज्य के लिए गर्व की बात है. प्रधानमंत्री ने कुरुक्षेत्र स्थित गीता नगरी की अपनी हालिया यात्रा को याद करते हुए बताया कि कैसे यह भूमि देश की आध्यात्मिक और ऐतिहासिक धरोहर को जीवंत रूप में प्रदर्शित करती है. उन्होंने कहा कि ‘मन की बात’ सिर्फ एक कार्यक्रम नहीं बल्कि भारत की विविधता और विकास यात्रा का दर्पण है.
महाभारत अनुभव केंद्र का अद्भुत अनुभव
प्रधानमंत्री ने बताया कि कुरुक्षेत्र की पहचान महाभारत के युद्ध स्थल के रूप में तो हमेशा रही है, लेकिन अब यहां महाभारत अनुभव केंद्र इस इतिहास को और जीवंत कर रहा है. यहां 3D तकनीक, लाइट एंड साउंड शो और डिजिटल प्रस्तुति के माध्यम से महाभारत की कथा को आधुनिक रूप में दिखाया जाता है. 25 नवंबर को यहां की गई अपनी यात्रा का अनुभव प्रधानमंत्री ने बेहद प्रेरणादायक बताया.
अंतर्राष्ट्रीय गीता महोत्सव बनी वैश्विक पहचान
प्रधानमंत्री ने ब्रह्म सरोवर पर आयोजित अंतर्राष्ट्रीय गीता महोत्सव का भी जिक्र किया. उन्होंने कहा कि यहां दुनियाभर से लोग भाग लेने आते हैं और गीता के संदेश से प्रेरित होते हैं. इस वर्ष यूरोप और सेंट्रल एशिया के कई देशों के लोगों ने इसमें हिस्सा लिया. सऊदी अरब में पहली बार सार्वजनिक मंच पर गीता का पाठ हुआ जो भारत की सांस्कृतिक शक्ति का प्रतीक है. लातविया में भी यादगार गीता महोत्सव का आयोजन किया गया जिसमें लातविया, एस्टोनिया, लिथुआनिया और अल्जीरिया के कलाकारों ने बढ़-चढ़कर भागीदारी की.













